महाशिवरात्रि (Mahashivratri) हिंदू धर्म का सबसे महत्वपूर्ण शैव पर्व है। यह फाल्गुन मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। "महा" = महान, "शिव" = भगवान शिव, "रात्रि" = रात — अर्थात भगवान शिव की महान रात्रि।
शिव पुराण के अनुसार, यह वह रात है जब भगवान शिव ने तांडव नृत्य किया और शिव-शक्ति का मिलन हुआ। इस रात शिव का तत्व सबसे सक्रिय रहता है, इसलिए इस रात का जप, ध्यान और जागरण सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक फल देता है।
महाशिवरात्रि पर जप (mantra chanting) सबसे महत्वपूर्ण साधना है। शिव पुराण में कहा गया है कि इस रात एक बार "ॐ नमः शिवाय" जपने का फल सामान्य दिन में हज़ार बार जपने के बराबर है। इसीलिए लाखों भक्त पूरी रात जागकर शिव मंत्र का जप करते हैं।
महाशिवरात्रि पर तीन प्रमुख साधनाएं की जाती हैं: व्रत (उपवास), जागरण (रात भर जागना), और जप (मंत्र उच्चारण)। इन तीनों को मिलाकर करने से सर्वोत्तम फल प्राप्त होता है।